
SMS Help line to Address Violence Against Dalits and Adivasis in India
Type ATM < your message > Send to 9773904050
]
घटना सूबे बिहार के शिवहर जिले के पुरनहिया थाना क्षेत्र के खैरा पहाड़ी गांव की है। मृतक आदित्य कुमार ,उम्र करीब 24 वर्ष ,पिता का नाम श्री सोफी पासवान , जाति - अनुसूचित जाति उक्त गांव का ही निवासी था । वह घर पर ही रह कर प्रतियोगी परीक्षाओ की तैयारी किया करता था। उसकी शादी भी महज एक वर्ष पूर्व में हुई थी। दिनांक 27 - 02 - 2023 को संध्या करीब पांच बजे वह अपने सम्बन्धी श्री रमेश पासवान , पिता - श्री राजेंद्र पासवान , ग्राम दोस्तियां के साथ चाय व् नास्ता के लिए दोस्तिया चौक पर गया। पर, काफी देर होने पर वह घर नहीं लौटा। कहते है कि रात्रि करीब आठ बजे उनके गांव के ही लोगों द्वारा उसकी निर्मम हत्या कर शव को अज्ञात स्थान पर फेक दिया। मृतक के परिवार के लोगों एवं ग्रामीणों द्वारा आदित्य कि खोज बीन कि जा रही थी। इसी कर्म में आदित्य के घर से कुछ ही दूरी पर बांध के तट खून पसरा देखा गया। आगे बढ़ने पर उसका चप्पल दिखाई पड़ा। आगे बढ़ने पर उसका मोबाईल गिरा हुआ पाया गया। मृतक के परिजनों दवरा घटना कि सूचना पुरनहिया पुलिस को दी गयी। पुलिस भी घटना स्थल पर पहुंची। पुलिस दवरा भी अपने स्तर से खोज बीन किया गया। दिनांक 28.02.2023 को खोजने के क्रम में मृतक का एक हाथ बागमती नदी के किनारे मिला। यानि हत्यारों द्वारा आदित्य की काट काट कर हत्या की गयी थी और उसके शव को क्षत विक्षत कर दिया गया था। मृतक के पिता सोफी पासवान द्वारा शंका दे आधार पर अपने ग्रामीण रमेश महतो , सुरेश महतो , सुजीत महतो , अरविन्द महतो राजमंगल महतो , राधेश्याम महतो एवं 05 अघ्यात लोगों के विरुद्ध पुरनहियाँ थाना में कांड सं० : 25/23 के तहद प्राथमिकी दर्ज कराइ गई है। सभी हत्यारे मृतक के पड़ोस के ही निवासी हैं तथा पिछड़ी जाती के सदस्य है। घटना का कारन पूणतः स्पष्ट नहीं पता चला लेकिन कुछ लोगों ने अपना नाम सार्वजानिक नहीं करने की शर्त पर बताया कि आदित्य का गांवन के ही किसी लड़की से अवैध सम्बन्ध था जिसके प्रतिशोध में परिवार वालों ने उसको एक साजिश के तहत हत्या कर डाली।
घटना सूबे बिहार के सीतामढ़ी जिले के सोनवर्षा थाना क्षेत्र के रोहुआ गांव के वार्ड न० : ०२ की है। पीड़ित श्यामजी राम एवं मुख्य आरोपी श्री सत्येंद्र कुअमार महतो दोनों उक्त गांव के ही निवासी हैं। पीड़ितगन जहाँ अनुसूचित जाति के सदस्य है। उनकी माली हालत अत्यंत दयनीय है। जबकि , आरोपीगण काफी दबंग ,बहुसंख्यक एवं धनि मानी व्यक्ति हैं। दिनांक २३-०५-२०२३ को उक्त गांव के आरोपी श्री कुलदीप महतों की पुत्री कि शादी थी। बाराती नाच - बाजा के साथ बारात लेकर बहू के दरवाजे पर पहुंचे। दरवाजा लगाने के बाद आरोपियों के बिरादरी के लोगों ने नाच बाजा को पीड़ित के दरवाजे पर ले जाकर अश्लील गण बजवाया जाने लगा तथा अनुसूचित जातियों कि बहू बेटियों के साथ छेड़ छड़ करने लगा। जिसका श्यामजी राम ,कुलदीप राम एवं अन्य द्वारा विरोध किया गया। जिसपर आरोपी श्री सत्येंद्र कुमार महतो एवं उनके बिरादरी के आधा दर्जन से अधिक लोग हरावे हथियार से लैश होकरअनुसूचित जातियों पर सामूहिक रूप से हमला बोल दिया दिया। हमलावरों द्वारा चाकू से घोप घोप कर ुदीप राम , राहुल राम एवं सकल देव राम को गंम्भीर रूप से घायल कर डाला। हमलावरों द्वारा अनुसूचित जातियों की महिलाओ के साथ भी अपमानजनक व्यव्हार किया गया। उक्त सन्दर्भ में सोनवर्षा थाना में कांड सं० : १७८/२३ के तहत प्राथमिकी दर्ज की गयी है।
पीड़िता आशा देवी ,दो वश पूर्व अपने ही गांव के निवासी पिछड़ी जाति के सदस्य प्रमोद सिंह से बतौर कर्ज १५०० सौ रुपये लिए थे। मालूम हो कि श्री सिंह गुंडा बैंक चलते हैं तथा गरीबों से मनमानी ब्याज वसूल किया करतें हैं। पीड़िता ने कुछ ही दिनों बाद श्री सिंह का कर्ज चूका दिया। किन्तु , श्री सिंह ब्याज का पैसा बाकि गॉन का आरोप लगा कर पीड़िता से बतौर रंगदारी मोती रकम वसूल करना चाहता था। पर , पीड़िता रंगदारी देने से इंकार कर दी। श्री सिंह पीड़िता को पिछले दिनों रुपये नहीं देने पर बूरा अंजाम भुगतने का धमकी भी दिया था। दिनांक २३-०९-२०२३ कि सुबह भी श्री सिंह एवं उनके गुर्गों द्वारा उपाए कि खातिर धमकी देकर आया था। पीड़िता और श्री सिंह के बीच उक्त मुद्दे को लेकर सुबह में विवाद भी हुआ था। श्री सिंह ने एक साजिश के तहत उक्त तिथि को रात्रि करीब १०-०० बजे पीड़िता को अपने दरवाजे पर बुलाया। कहते हैं कि पीड़िता ज्यों ही उसके दरवाजे पर पहुंची त्यों ही श्री सिंह एवं अन्य ने पीड़िता के साथ जाति सूचक गांलिया देना शुरू कर दिया। श्री सिंह एवं अन्य द्वारा उसे पूरी तरह नग्न कर दिया गया और उसके बेरहमी से पिटायी ढ गयी। श्री सिंह के कहने पर उनके पुत्र अंकुश कुमार द्वारा उनके मुंह में पेशाब कर दिया गया। उक्त समबन्ध में खुशरूपुर थाना मने दिनांक : ४१६/२३ के तहत प्राथमिकी दर्ज कि गयी है। मालूम हो कि पीड़िता अनुसूचित जाति कि सदस्य है जबकि आरोपी पिछड़ी जाति के सदस्य है तथा काफी दबंग एवं जुल्मी व्यक्ति है। शासन , प्रसाशन में उनकी पकड़ है।
यह घटना जिला ऊना की पंचायत वनगढ़ की है यह पंचायत गांव जिला मुख्यालय से लगभग 10 कि०मी० की दूरी पर है इस पंचायत में जखेड़ा गांव आता है इस गांव में दलित समाज की काफी घनी आबादी है इस आबादी में से कुछ दलित परिबारो को सरकार ने इंदिरा अबास योजना के तहत सन 1974-75 में घर परती हर दलित परिबार को कुल 10 कनाल 10 मरले ज़मीन दी ज़मीन लेने बाले कुल 60 परिबार थे पहले तो दलित समाज में से किसी भी परिबार ने अपनी मिली हुई ज़मीन के बारे नही सोचा क्योंकि यह ज़मीन जंगल में आती है धीरे धीरे सभी ने अपनी ज़मीन को सवारना शुरू किया और खेती के लिए उपजाऊ बनाया. वनगढ़ व जखेड़ा साथ ही गांव भटोली है जिसमे अनुसूचित जाति में से रमेश चन्द स्पुत्र गरीब दास रहता है जो की चमार जाति से सम्बन्धित है. रमेश चन्द के पिता गरीब दास को भी इंदिरा अबास योजना के तहत सन 1974-75 में 10 कनाल 10 मरले भूमि मिली है. जिसको की अब गरीब दास के गुजर जाने के बाद रमेश चन्द ही देख रहा है. रमेश चन्द ने भी अपने परिवार सहित मिलाकर इस बंजर व् जंगली भूमि को सवार कर खेती के काबिल बनाया है रमेश चन्द ने पिछले वर्ष इस भूमि पर एक सामान रखने के लिए कमरा बनाया. लेकिन जब नबम्बर 2023 में रमेश चन्द ने अपना मकान इस ज़मीन पर बनाना शुरू किया तो इसकी ज़मीन के साथ ही रामकिशन स्पुत्र मुंशी जाति राजपुत का घर है दिनाक 12.11.23 को जब रमेश चन्द अपनी जमीन में मकान बनाने का काम मिस्त्री मजदूरों से करवा रहा था तो मौका पर रामकिशन व् उसका बेटा संजू आ गये और रमेश चन्द को गाली निकालने लगे और कहने लगे की यह ज़मीन उनकी है जबकि रमेश चन्द ने बताया की यह ज़मीन उसकी है और उसके पास ज़मीन के पुरे दस्तावेज भी हैं. इतने में रामकिशन बोला की “तू सालेया चमारा हुण साडे सिर पर बैठेगा” और इतना कहते ही रामकिशन व् उसके बेटे संजू ने रमेश चाँद के साथ बुरी तरह से मारपीट करनी शुरू कर दी और दोनों ने मारपीट करते समय लाठी से रमेश चन्द की की दाहिनी वायू को तोड़ दिया और फ्रेक्चर कर दिया जिस पर रमेश चन्द ने थाना मेहतपुर में अपनी शिकायत दर्ज करवाई पर अभी तक दोषियों खिलाफ कोई कार्यवाही अम्ल में ना लाइ गई है. दोषी रामकिशन व् उसके बेटे ने जबरन रमेश चन्द की ज़मीन को जाने वाले रास्ते में ट्राली से पत्थर फेंक दिए है और रमेश चन्द के आने जाने का रास्ता भी बंद कर दिया है.