
SMS Help line to Address Violence Against Dalits and Adivasis in India
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यह घटना जिला ऊना की तहसील बंगाणा के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत धनेत के डूमखर की है, जहाँ दलित समुदाय से पीड़ित सुरेश कुमार (उम्र 44 वर्ष, शिक्षा: 12वीं/प्लस-टू पास), निवासी ग्राम नलवाड़ी, डाकघर व तहसील बंगाना, जिला ऊना (हिमाचल प्रदेश) के स्थायी निवासी हैं, जो अपने परिवार में दो बेटों (बड़ा बेटा 11वीं और छोटा बेटा 9वीं कक्षा) की पढ़ाई और आजीविका के लिए बंगाना बस स्टैंड पर बसों में सवारियां बैठाने के लिए आवाजें लगाने व मजदूरी का कार्य करते हैं। घटनाक्रम के अनुसार, सुरेश कुमार की पत्नी श्रीमती पूनम ग्राम पंचायत धनेत के वार्ड नंबर 7 से पंचायत चुनाव में वार्ड पंच पद की प्रत्याशी थीं और दिनांक 30 मई को चुनाव परिणाम में विजयी घोषित होने की खुशी में रात करीब 8:00 बजे समर्थकों द्वारा निकाले गए विजय जुलूस के दौरान सुरेश कुमार अपनी पत्नी व साथियों सहित गांव के 'डुमखर शनि मंदिर' में माथा टेकने जा रहे थे। जैसे ही वे मंदिर के पास पहुंचे, तभी वहां पहले से मौजूद आरोपी बिल्ला (ड्राइवर HRTC), उसका लड़का, रंजू डॉक्टर और उनके साथ करीब 25 से 30 अज्ञात लोगों ने मिलकर डीजे बंद करवा दिया और पीड़ित व उनके साथियों को घेरकर "चमारो तुम्हारी औकात कैसे हुई डीजे बजाने की" जैसी अत्यंत अपमानजनक व जातिसूचक गालियां देते हुए जानलेवा हमला कर दिया। इस उग्र भीड़ ने पीड़ित सुरेश कुमार को लात-घूंसों से बेरहमी से पीटा, जिससे उनके कपड़े फट गए और उन्हें घसीटकर पास के नाले में फेंक दिया, जहाँ से पीड़ित सुरेश की पत्नी और साथियों ने बड़ी मुश्किल से बीच-बचाव कर उनकी जान बचाई। घटना के बाद गंभीर चोटों, अत्यधिक मानसिक आघात और नाले के गंदे पानी में गिरने से पीड़ित की हालत अत्यंत नाजुक हो गई, जिसके कारण वे तुरंत थाने जाकर बयान देने की स्थिति में नहीं थे, परंतु पुलिस विभाग द्वारा घर आकर पूछताछ करने के बाद उन्हें बंगाना अस्पताल ले जाया गया जहां उनका मेडिकल व स्कैन करवाया गया। इस अमानवीय घटना की जानकारी मिलने पर क्षेत्र के माननीय विधायक जी ने मौके पर आकर पीड़ित परिवार से मुलाकात की, उन्हें ढांढस बंधाया और विधायक जी के कड़े रुख व सीधे हस्तक्षेप के बाद पीड़ित ने पुलिस प्रशासन के समक्ष अपनी शिकायत मजबूती से दर्ज करवाई, जिसके परिणामस्वरूप दिनांक 5/6/26 को बंगाना पुलिस स्टेशन में आरोपियों के खिलाफ मुकदमा नंबर 57/26 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 115(2), 191, 190 और अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम (SC/ST Act) की धारा 3(1)(r), 3(1)(s) के तहत मामला दर्ज किया गया, जिसकी जांच हेतु डिजिटल साक्ष्य (कॉल रिकॉर्डिंग) व चश्मदीद गवाह मौजूद हैं और मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए उच्चाधिकारियों द्वारा इसकी जांच एक राजपत्रित अधिकारी (Gazetted Officer) को सौंपी गई है।
Gayathri w/o Basavaraju, aged 40, belongs to the Scheduled Caste Holaya community, lives in chennagirikoppalu village, Srirangapatna taluk, Mandya district. She has been working as an ASHA worker at Ballenahalli Primary Health Centre for the past 15 years. On 18-2-2026, as usual, I went to the house of Varshita w/o Chandu of my village to get the Penta vaccine and asked her to get vaccinated. Varshita's husband Chandu came out house and asked her why she was barking. Hey you are low caste woman and that she giving vaccination to my son. And He suddenly got angry. Then she said him why he was angry he started talking badly about her and her caste. Then she left from there. The next day, on 19-2-2026, she was in the hospital as usual, where Nurse Netravati and D Group Naveen Kumar were present. Accused Chandu brought his wife Varshita his child and brother-in-law. Then, when Gayatri asked him to give the child to be weighed and vaccinated, he said that he would not give my son to you, you are a low-caste woman, then at the same time Chandu, his brother-in-law Vinod and his uncle chandranaaga were suddenly get angry and abusing gayathri and also they scream about her caste in front of 20 to 30 members . After that, a case was registered against them on 23-02-2026 at the Srirangapatna Rural Police Station.
On June 5, 2025, the wedding of Pooja Kumari—daughter of Pappu Kumar and Mahesh Ram, residents of Lahi village in the Madhuban police station area of Bihar's East Champaran district—took place .The women of their household and family were on their way to worship the Goddess, singing wedding songs. Upon seeing the women, a group of individuals belonging to a specific caste began to harass them. The women protested and informed the male members of their families about the incident. Papu Kumar, Nukes, and other neighbors arrived at the scene and confronted those involved in the harassment. Enraged by this confrontation, Suresh Sahani, Madan Sahani, and a mob of three dozen people—armed with lethal weapons—launched an assault on the Dalits. They beat three Dalits, inflicting head injuries, and subjected dozens of women to physical assault and harassment. In connection with this incident, Case No. 192/25 has been registered at the Madhuban Police Station.
Accused Usha alwaye caste abused to victim sonu and put derty Rubbish infront of victims houes. on Dated 15-4-2026 at approx. 8.30am three person reached at victims houes in the doubt of electricity stolen. They check the electricity meter and went away. victim sonu stand outside the door and said to her husband that somebody given false information to electricity department of electricity stolen. then she went to search those three person in the street. then she asked to near by accused Ex. MC Satish saini about them the he threaten to victim that you Bitch always behave like this and abused in dirty words. Police did not lodge the FIR.
यह घटना जिला ऊना की तहसील हरोली के गांव बाथडी की है इस गांव में दलित समाज से सुमन देवी पत्नी अशोक कुमार है. जिसकी उम्र 32 वर्ष की है. वहअनुसूचित जाति में से लोहार जाति से सम्बंधित है. उसके दो बच्चे हैं एक बेटा और बेटी, बेटी पांचवीं कक्षा में पढ़ रही है. और बेटा नर्सरी में पढ़ रहा है. वह अपने गांव के बार्ड न० 2 से बार्ड पंच है और अपने गांव के मुख्य बाज़ार में ब्यूटी पार्लर की दूकान भी करती है और उसका पति भी उसके साथ वाली दूकान में अपनी खुद की फर्नीचर की दूकान करता है. सुमन को यह दूकान करते हुए करीब दस वर्ष हो गए है. सुमन के गांव का पूरा पता :- गांव व डाकघर बाथडी, तह० हरोली, जिला ऊना हि०प्र० है
दिनाक 20 अक्तूबर 2024 को सुबह करीब 6:30 पर संदला देवी उर्फ़ संजू पत्नी गुरमीत सिंह जाति तरखान (obc) निवासी बाथडी सुमन के घर पर अपनी बहन तोषी पत्नी जीत राम के साथ आई सुमन को लगा कि आज करवाचौथ का व्रत है शायद कुछ ब्यूटी पार्लर का काम करवाने आई है लेकिन उसने आते ही सुमन के पति व सास को बुलाया और उसके पति से बोली तुम लोग बाथू दरगाह पर जाना बंद करो क्योंकि दरगाह के फ़कीर ने उसके बेटे ने और तुम सब ने हमारी लड़की के भाग कर शादी करने की बदनामी करी है जबकि ऐसा कुछ भी ना है. क्योंकि संदला देवी व उसका पूरा परिवार खुद दरगाह के सेवादार रह चुक्के है और संदला देवी की एक बेटी उसका नाम कंचन है. कंचन ने अपने परिवार की इच्छा के विरुध गुरपलाह के रमन सैनी स्पुत्र स्व: कश्मीर सिंह से जबरन शादी कर ली है शादी करने से पहले कंचन को उसके पिता गुरमीत सिंह ने काफी समझाया की व वहाँ शादी ना करे लड़का उनकी मर्जी का ना है इसी के चलते संदला व इसका पति गुरमीत सिंह धार्मिक आस्था के चलते कंचन को दरगाह में लेकर गए वहाँ पर दरगाह के गद्दी नशींन होने कारण फ़कीर रूप लाल ने उनके बेटे लखवीर लाल ने कंचन को काफी समझाया पर कंचन ने किसी की भी ना सुनी और अपने परिवार के विरुध जाकर रमन सैनी से ही 23 फरवरी 2024 को भाग कर शादी कर ली जिसके चलते कंचन को उसके परिवार ने वेदखल कर दिया और अपनी जिंदगी में खुश रहने को बोल दिया था. जब संदला देवी बार बार सुमन व उसके परिवार वालो को दरगाह पर जाने को मना करने लगी तो सुमन के पति ने कहा हम वहां जाना नहीं छोड़ सकते वो हमारे गुरु हैं. फिर संदला ने सुमन के पति से कहा तुझे पता है तेरी पत्नी की सेटिंग किधर चल रही है तेरी पत्नी राणा मेडिकल स्टोर वाले के साथ सेट है और उसके साथ ही फसी हुई है. इतनी बात सुनते ही सुमन के पति व सास को काफी गुस्सा आया उसके पति ने कहा कि आप ऐसे कैसे बोल सकती है मेरी पत्नी मौजूदा बार्ड पंच हैं, पिछले दस वर्ष से अपनी ब्यूटी पार्लर की दूकान चला रही है और पिछले कुछ वर्षों से साथ में ही मैं अपनी फर्नीचर की दूकान कर रहा हूँ लेकिन आज दिन तक किसी से भी मैंने अपनी पत्नी बारे ऐसा नहीं सूना इतने में संदला उर्फ़ संजू सुमन व उसके सब परिवार को माँ बहन कि गालियाँ निकालने लगी इतने में संदला का पति गुरमीत सिंह उर्फ़ मीता भी उनके घर आ गया और वो भी काफी बुरा भला बोलने लगा और गालियाँ निकालने लगा. संदला देवी बड़े ही अपमानित तरीके से बोली “तुसी बस ओही जात दे लोहार ही रैना सालेयो” तभी सुमन के घर के गेट पर दर्शन सिंह स्पुत्र मंगत राम जो कि सुमन के घर से थोड़ी दुरी पर ही रहता है आया और किसी काम से आवाज देने लगा फिर संदला देवी अपनी बहन व पति के साथ दर्शन के सामने से ही गन्दी गन्दी गलियाँ निकालती हुई व जान मरवाने की धमकी देते हुए और जातिय तोर पर प्रताड़ित करती हुई अपने घर को चली गई संदला का घर सुमन के घर से करीब 500 मीटर कि दूरी पर है. इस बारे जब सुमन व उसके पति ने राणा मेडिकल स्टोर वाले से बात करी गई तो उसने भी कहा की संदला झूठी अफ़वाह फैला रही है जिससे उसकी भी इज्ज़त काफी प्रभावित हुई है और वह खुद संदला देवी के खिलाफ कानूनी कार्यवाही करवाने को तेयार है. इतना ही नहीं संदला कि बहन तोषी का पति जीत राम भी सुमन व उसके पति की दुकानों के साथ ही अपनी फर्नीचर की दूकान करता है और हर आये दिन प्रताड़ित करने वाली बातें सुनाता रहता है और सुमन के पति बारे बोलता है कि इसका बाप तो मर गया अब यह आ गया है हमारा धंधा चोपट करने के लिए.
सुमन देवी ने जिला ऊना के ASP सुरिंदर शर्मा के पास संदला देवी उर्फ़ संजू उसका पति गुरमीत सिंह व संदला कि बहन तोषी और उसका पति जीत राम ने जो पुरे गांव भर में सुमन कि झूठी बदनामी करी है और इज्जत उछाली है और जातिय तोर पर प्रताड़ित किया है व जान से मरवाने कि धमकी दी है के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई व दोषीगण खिलाफ शीग्र अति शीग्र आनुसुचित जाति जनजाति अधिनियम एक्ट व BNS कि उचित धारायों सहित कानूनी कार्यवाही अमल में लाते हुए मामला दर्ज किया जाए बारे प्रार्थना करी. जिस पर थाना टाहलीवाल में उचित धारायों के तहत मामला दर्ज किया गया.